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माओरी में कर्मवाच्य के प्रत्यय: -tia, -hia, -a, -ina

Kīanga Whakaheke

यह लेख Settemila Lingue पर माओरी व्याकरण-वृक्ष का हिस्सा है।

संक्षेप में

माओरी में कर्मवाच्य (काम करने वाले के बजाय उस काम से प्रभावित व्यक्ति या वस्तु को केंद्र में रखने का ढंग) बनाने के लिए क्रिया का रूप बदलता है: tuhi → tuhia यानी ‘लिखना → लिखा जाना’। प्रत्यय (शब्द के अंत में जुड़ने वाला अंश) हर क्रिया के साथ एक जैसा नहीं होता: patu → patua, kite → kitea, rongo → rongohia। कौन-सा प्रत्यय लगेगा, यह केवल आखिरी अक्षर देखकर तय नहीं किया जा सकता; क्रिया और उसका कर्मवाच्य रूप साथ सीखें।

एक नज़र में

हिंदी में ‘उसने पत्र लिखा’ और ‘पत्र उसके द्वारा लिखा गया’ एक ही घटना को अलग ढंग से सामने रखते हैं। माओरी में भी ऐसा अंतर है, लेकिन वहाँ ‘गया’ जैसा शब्द जोड़कर काम नहीं चलता। ‘लिखना’ के लिए tuhi है; कर्मवाच्य में उसका रूप tuhia होता है। इस लेख का मुख्य विषय यही बदलाव है: क्रिया का सही कर्मवाच्य रूप पहचानना और उसे सही वाक्य में लगाना।

बी१ स्तर पर यह विषय उपयोगी है क्योंकि माओरी के निर्देशों, सामान्य बातचीत और वर्णन में कर्मवाच्य बार-बार मिलता है। हिंदी में ‘पत्र उसके द्वारा लिखा गया’ कुछ औपचारिक लग सकता है; इससे यह न मान लें कि माओरी का वैसा वाक्य भी केवल सरकारी भाषा में होगा। माओरी में कर्मवाच्य एक सामान्य और स्वाभाविक विकल्प है।

प्रत्ययों को पूरी तरह मनमाना मानना भी मददगार नहीं है। बार-बार आने वाले समूह दिखते हैं और परिचित क्रियाओं से नए रूप याद रखने में सहायता मिलती है। फिर भी कोई ऐसा सरल नियम नहीं है जो हर नई क्रिया का सही रूप बता दे। व्यावहारिक रास्ता है: पहले भरोसेमंद रूप सीखना, फिर उन्हें पूरे वाक्य में इस्तेमाल करना।

रूप और वाक्य कैसे बनते हैं

१. मूल रूप और कर्मवाच्य रूप की जोड़ी सीखें

मूल रूप से यहाँ मतलब क्रिया के उस रूप से है जिसे आप शब्दावली में पहले सीखते हैं। नीचे हर जोड़ी को एक इकाई की तरह पढ़ें। बीच का जोड़ समझने के लिए है; सामान्य लेखन में प्रत्यय अलग नहीं लिखा जाता।

मूल क्रिया जुड़ने वाला प्रत्यय कर्मवाच्य रूप मूल अर्थ → कर्मवाच्य अर्थ
patu -a patua मारना → मारा जाना
kite -a kitea देखना या पाना → देखा या पाया जाना
tuhi -hia tuhia लिखना → लिखा जाना
rongo -hia rongohia सुनना → सुना जाना
pānui -tia pānuitia पढ़ना → पढ़ा जाना
waiata -tia waiatatia गाना → गाया जाना
aroha -ina arohaina प्यार करना → प्यार किया जाना
tango -hia tangohia लेना या हटाना → लिया या हटाया जाना

कर्मवाच्य रूप का अंत और जुड़ा हुआ प्रत्यय हमेशा एक ही चीज़ नहीं होते। उदाहरण के लिए kite + a = kitea। लिखे हुए kitea में अंत में tea दिखाई देता है, लेकिन इस जोड़ी में जोड़ा गया अंश सिर्फ -a है। इसी तरह tuhi + hia = tuhia में पूरा -hia जुड़ता है।

यह फर्क इसलिए ज़रूरी है कि देखने में मिलता-जुलता अंत हमेशा एक जैसा निर्माण नहीं बताता। पहले मूल क्रिया पहचानें, फिर दोनों रूपों की तुलना करें। सिर्फ अंतिम दो या तीन अक्षरों के आधार पर नई क्रियाओं के रूप न गढ़ें।

२. शीर्षक के चार प्रत्यय पूरी सूची नहीं हैं

-tia, -hia, -a, -ina बहुत उपयोगी उदाहरण हैं, लेकिन माओरी के सभी कर्मवाच्य इन्हीं चार से नहीं बनते। इस पाठ की प्रमुख क्रियाओं में whakaako → whakaakona भी है: ‘पढ़ाना → पढ़ाया जाना’। यहाँ -na जुड़ता है। इसे किसी परिचित चार-खाने वाली सूची में जबरन न रखें।

अभी हर संभव प्रत्यय रटना आवश्यक नहीं है। इतना समझना पर्याप्त है कि प्रत्यय क्रिया की शब्दावली का हिस्सा है, कोई ऐसा स्वतंत्र शब्द नहीं जिसे किसी भी क्रिया के पीछे लगाया जा सके। नई क्रिया सीखते समय शब्दकोश में उसका कर्मवाच्य रूप भी देखें।

३. पूरे वाक्य में क्या बदलता है?

इन दो वाक्यों में घटना एक ही है:

  • I tuhi ia i te reta. — उसने पत्र लिखा।
  • I tuhia e ia te reta. — पत्र उसके द्वारा लिखा गया।

पहले वाक्य में ia काम करने वाले व्यक्ति के लिए है और i te reta लिखी गई चीज़ बताता है। दूसरे में tuhia कर्मवाच्य रूप है और e ia बताता है कि लिखने वाला कौन था। ia पुरुष या स्त्री, दोनों के लिए हो सकता है; संदर्भ के अनुसार हिंदी में ‘उसने’, ‘उसके द्वारा’ या कोई स्पष्ट नाम चुनें।

इस दूसरे वाक्य का ढाँचा है:

I + tuhia + e ia + te reta.

अर्थ की इकाइयों में: भूतकाल का संकेत + लिखा जाना + उसके द्वारा + पत्र। यहाँ पहली I और पहले वाक्य की बाद वाली i अलग भूमिकाएँ निभाती हैं। केवल अक्षर एक होने से उनका काम एक न मानें।

यह भी ध्यान दें कि कर्मवाच्य बनाते समय i te reta को ज्यों का त्यों नहीं रखा गया। प्रभावित वस्तु te reta बिना उस i के आती है। केवल क्रिया का अंत बदल देना पर्याप्त नहीं; उससे जुड़े शब्दों का संबंध भी बदलता है।

४. काम करने वाले का उल्लेख वैकल्पिक है

कर्ता (काम करने वाला व्यक्ति या समूह) बताना हो तो कर्मवाच्य में e के साथ उसका उल्लेख किया जा सकता है। लेकिन उसकी पहचान मालूम न हो, ज़रूरी न हो या पहले ही स्पष्ट हो, तो उसे छोड़ सकते हैं:

  • I tuhia te reta. — पत्र लिखा गया।
  • I tuhia te reta e Mere. — पत्र मेरे द्वारा लिखा गया। यहाँ ‘मेरे’ व्यक्ति का नाम है, हिंदी का ‘मेरा’ नहीं।

ऊपर के दोनों वाक्य पूरे हैं। e Mere जैसा अंश वस्तु के बाद भी आ सकता है; दिए गए मुख्य उदाहरण में e ia वस्तु से पहले है। अभी किसी एक क्रम को हर स्थिति में अनिवार्य न मानें। पहले क्रिया का सही रूप और e का सही संबंध पकड़ें।

५. प्रत्यय समय, लिंग या संख्या नहीं बताता

हिंदी में ‘लिखा गया’, ‘लिखी गई’, ‘लिखे गए’ बदलते हैं। माओरी में tuhia ऐसा लिंग या संख्या परिवर्तन नहीं करता। te reta ‘पत्र’ और ngā reta ‘पत्रों’ के साथ रूप वही रहता है।

इसी तरह -hia का अर्थ ‘बीते समय में’ नहीं है। समय या घटना की स्थिति का संकेत अलग शब्द देते हैं:

माओरी हिंदी अर्थ ध्यान दें
I tuhia te reta. पत्र लिखा गया। I बीती घटना का संकेत देता है।
Kua tuhia te reta. पत्र लिखा जा चुका है। Kua काम पूरा हो चुकने की स्थिति सामने रखता है।
Ka tuhia te reta āpōpō. पत्र कल लिखा जाएगा। यहाँ āpōpō ‘कल’ होने से भविष्य का अर्थ स्पष्ट है।
I tuhia ngā reta. पत्र लिखे गए। कई पत्र होने पर भी tuhia नहीं बदलता।

Ka को हर जगह केवल ‘गा/गी/गे’ का समानार्थी न मानें। संदर्भ के अनुसार उसका उपयोग व्यापक है; इस पाठ में भविष्य वाले उदाहरणों को उनके पूरे संदर्भ के साथ सीखें।

संदर्भ में उदाहरण

नीचे पहले चार वाक्य इस विषय की आधारभूत स्थितियाँ दिखाते हैं। आगे उन्हीं रूपों को किताब, गीत, परिवार और रोज़मर्रा के निर्देशों में देखें। हिंदी अनुवाद कभी थोड़ा स्वाभाविक रखा गया है; माओरी रूप पहचानने के लिए टिप्पणी साथ पढ़ें।

माओरी हिंदी अर्थ क्या पहचानें
I tuhia e ia te reta. पत्र उसके द्वारा लिखा गया। tuhi → tuhia; e ia काम करने वाले को बताता है।
Kua kitea te mea ngaro. खोई हुई चीज़ मिल गई है। kite → kitea; यहाँ ‘पाया जाना’ वाला अर्थ है।
I rongohia te kōrero. बात सुनी गई। rongo → rongohia; सुनने वाले का उल्लेख नहीं है।
Ka whakaakona ngā tamariki. बच्चों को पढ़ाया जाएगा। whakaako → whakaakona; चार मुख्य प्रत्ययों से अलग रूप।
I pānuitia te pukapuka e te kaiako. किताब शिक्षक द्वारा पढ़ी गई। pānui → pānuitia; प्रत्यय -tia है।
I waiatatia te waiata e ngā tamariki. गीत बच्चों द्वारा गाया गया। waiata → waiatatia; क्रिया और ‘गीत’ शब्द मिलते-जुलते हैं।
E arohaina ana te tamaiti e tōna whānau. बच्चे को उसके परिवार का प्यार मिलता है। aroha → arohaina; E … ana के भीतर भी वही कर्मवाच्य रूप है।
I patua te kurī e te tangata. कुत्ते को उस आदमी ने मारा। हिंदी अनुवाद कर्तृवाच्य है, लेकिन patua माओरी में कर्मवाच्य है।
Kua tangohia ngā hū. जूते उतारे जा चुके हैं। tango → tangohia; यहाँ हटाने या उतारने का अर्थ है।
Tuhia tō ingoa ki konei. अपना नाम यहाँ लिखिए। tuhia निर्देश देने में भी आता है।
Pānuitia tēnei kōrero. यह बात पढ़िए। pānuitia को भूतकाल न समझें।
Tangohia ō hū. अपने जूते उतारिए। रोज़मर्रा का निर्देश; tangohia पूरा एक शब्द है।

I patua te kurī e te tangata का अर्थ हिंदी में ‘कुत्ता उस आदमी द्वारा मारा गया’ भी बताया जा सकता है। अनुवाद बदलने से माओरी की बनावट नहीं बदलती। हिंदी में कौन-सा वाक्य अधिक सहज लगता है और माओरी में कौन-सा रूप इस्तेमाल हुआ है—इन दोनों सवालों को अलग रखें।

आम गलतियाँ

१. हर क्रिया के साथ -tia लगा देना

  • गलत: I tuhitia te reta.
  • सही: I tuhia te reta. — पत्र लिखा गया।
  • क्यों: इस क्रिया के लिए सीखने वाला रूप tuhi → tuhia है। pānuitia देखकर tuhi पर भी वही प्रत्यय लगा देना भरोसेमंद तरीका नहीं है।

२. प्रत्यय को अलग शब्द लिखना

  • गलत: Kua kite a te mea ngaro.
  • सही: Kua kitea te mea ngaro. — खोई चीज़ मिल गई है।
  • क्यों: यहाँ -a क्रिया का हिस्सा है। kitea एक शब्द है; अलग लिखा a वही काम नहीं करता।

३. कर्मवाच्य रूप के साथ पुराना i बनाए रखना

  • गलत: I tuhia e ia i te reta.
  • सही: I tuhia e ia te reta. — पत्र उसके द्वारा लिखा गया।
  • क्यों: इस कर्मवाच्य वाक्य में प्रभावित वस्तु te reta है। कर्तृवाच्य (काम करने वाले को केंद्र में रखने वाली बनावट) के i te reta को यहाँ सीधे नहीं रख सकते।

४. काम करने वाले के लिए i लिखना

  • गलत: I tuhia te reta i a ia. — यदि आशय ‘उसके द्वारा’ है।
  • सही: I tuhia te reta e ia. — पत्र उसके द्वारा लिखा गया।
  • क्यों: इस भूमिका में e ia चाहिए। माओरी के छोटे संबंधसूचक शब्दों को हिंदी के ‘से’ या ‘द्वारा’ का हर जगह लागू होने वाला अनुवाद न मानें।

५. हिंदी का ‘जाना’ देखकर haere जोड़ देना

  • गलत: I tuhi haere te reta. — यदि आशय ‘पत्र लिखा गया’ है।
  • सही: I tuhia te reta. — पत्र लिखा गया।
  • क्यों: हिंदी के ‘लिखा जाना’ में ‘जाना’ व्याकरण का काम करता है; उसका माओरी में शब्दशः अनुवाद नहीं होता। haere को जोड़ना कर्मवाच्य बनाने का तरीका नहीं है।

प्रयोग संबंधी बातें

कर्मवाच्य सिर्फ औपचारिक भाषा नहीं है

माओरी में कर्मवाच्य सुनते ही यह न सोचें कि बोलने वाला जानबूझकर भारी भाषा चुन रहा है। जब मुख्य बात पत्र, बच्चा, गीत या कोई पूरा हुआ काम हो, तो यह स्वाभाविक ढंग से आ सकता है। काम करने वाले का नाम छोड़ना भी आवश्यक रूप से उसे छिपाना नहीं है; शायद वह पहले से मालूम हो।

निर्देशों में हिंदी अनुवाद अलग दिख सकता है

Tuhia tō ingoa का सहज हिंदी अर्थ ‘अपना नाम लिखिए’ है, न कि ‘आपका नाम लिखा जाए’। माओरी में निर्देश देते समय कर्मवाच्य रूप सामान्य है। इसलिए हिंदी अनुवाद में ‘गया’ या ‘जाना’ न मिलने पर भी tuhia को पहचानना सीखें।

इन रूपों से अकेले विनम्रता का पूरा स्तर तय नहीं होता। स्वर, परिस्थिति और अतिरिक्त शब्द भी महत्त्व रखते हैं। किसी लिखित निर्देश में उपयुक्त रूप को हर बातचीत में अपने-आप सबसे विनम्र विकल्प न मानें।

वर्तनी और स्थानीय रूपों पर ध्यान दें

pānui, kōrero, ngā, whānau में लंबे स्वर दिखाने वाली रेखाएँ सही वर्तनी का हिस्सा हैं। प्रत्यय याद करते समय मूल शब्द की वर्तनी भी सुरक्षित रखें। जैसे pānui → pānuitia में ā गायब नहीं होता।

कुछ क्रियाओं के एक से अधिक प्रचलित कर्मवाच्य रूप मिल सकते हैं। किसी भरोसेमंद स्रोत में अलग रूप दिखे तो उसे तुरंत गलती न कहें; अच्छे माओरी शब्दकोश में जाँचें और जिस समुदाय की भाषा सीख रहे हैं, उसका प्रयोग देखें। लेकिन इससे यह निष्कर्ष न निकालें कि सभी प्रत्यय आपस में बदल सकते हैं।

आगे की समझ: केवल प्रत्यय से आगे

क्रिया का अर्थ भी जाँचें

कर्मवाच्य बनाना केवल अक्षर जोड़ने का अभ्यास नहीं है। यह भी देखें कि क्रिया उस संदर्भ में किस काम को व्यक्त करती है और उससे कौन प्रभावित हो सकता है। kitea कभी ‘देखा गया’ और कभी ‘मिल गया’ के निकट होगा। Kua kitea te mea ngaro में ‘खोई हुई चीज़ देखी जा चुकी है’ के बजाय ‘खोई हुई चीज़ मिल गई है’ सामान्यतः अधिक उपयोगी हिंदी अर्थ है।

इसका मतलब यह नहीं कि -a ने अलग से ‘ढूँढ़ना’ का अर्थ जोड़ दिया। अर्थ मूल क्रिया और संदर्भ के मेल से आता है। इसी वजह से शब्दों की जोड़ी के साथ एक छोटा पूरा वाक्य याद रखना ज़्यादा कारगर है।

एक ही रूप अलग व्याकरणिक ढाँचों में रहता है

I, Kua और E … ana के साथ कर्मवाच्य रूप रह सकता है। E arohaina ana te tamaiti में शुरुआत का E चल रही या वर्तमान स्थिति वाले ढाँचे का हिस्सा है। यदि आगे e tōna whānau आए, तो वह दूसरा e काम करने वाले परिवार का परिचय देता है। दोनों की वर्तनी एक है, भूमिका अलग है।

इसीलिए केवल e खोजकर यह तय नहीं किया जा सकता कि वाक्य कर्मवाच्य है। पहले क्रिया का रूप और उसके आसपास का पूरा ढाँचा पहचानें। उसी तरह -a पर समाप्त होता हर शब्द कर्मवाच्य नहीं है। aroha अपने मूल रूप में ही a पर समाप्त होता है; उसका इस पाठ वाला कर्मवाच्य arohaina है।

हर वाक्य का रूपांतरण स्वाभाविक नहीं होता

अभ्यास के लिए ‘उसने पत्र लिखा’ को ‘पत्र उसके द्वारा लिखा गया’ में बदलना उपयोगी है। वास्तविक बातचीत में, हालांकि, वाक्य का चुनाव इस पर निर्भर करता है कि अभी किसके बारे में बात हो रही है। यदि बातचीत खोई चीज़ के बारे में है, तो Kua kitea te mea ngaro सीधे उसी चीज़ का हाल बताता है। हर बार खोजने वाले का नाम जोड़ना ज़रूरी नहीं।

आगे पढ़ते समय दो स्तरों पर ध्यान दें: रूप सही है या नहीं, और इस प्रसंग में बोलने वाला यह रूप क्यों चुन रहा है। पहले स्तर पर क्रिया-जोड़ी मदद करेगी; दूसरे पर पूरे संवाद या अनुच्छेद को पढ़ना ज़रूरी होगा।

अभ्यास के तरीके

  1. पाँच जोड़ियाँ, पाँच छोटे वाक्य। पहले tuhi → tuhia, kite → kitea, rongo → rongohia, pānui → pānuitia, aroha → arohaina लिखें। हर जोड़ी के साथ एक अर्थपूर्ण वाक्य रखें। अगले दिन केवल मूल रूप देखकर कर्मवाच्य बोलें; फिर उलटी दिशा में अभ्यास करें। केवल ‘कौन-सा प्रत्यय?’ पूछने के बजाय पूरा रूप याद करें।

  2. एक घटना को तीन ढंग से कहें। ‘उसने पत्र लिखा’, ‘पत्र उसके द्वारा लिखा गया’, ‘पत्र लिखा गया’ से शुरू करें। इनके माओरी रूप क्रमशः I tuhi ia i te reta, I tuhia e ia te reta, I tuhia te reta हैं। बदलते समय क्रिया, i और e—तीनों पर निशान लगाएँ। इससे प्रत्यय और वाक्य की बनावट साथ पक्की होगी।

  3. निर्देशों में रूप खोजें। पढ़ते समय Tuhia tō ingoa या Pānuitia tēnei kōrero जैसे छोटे निर्देश नोट करें। अपनी सूची में पूरा वाक्य, उसका सहज हिंदी अर्थ और मूल क्रिया लिखें। फिर उसी कर्मवाच्य रूप को बीती घटना वाले वाक्य में रखें: I pānuitia tēnei kōrero — ‘यह बात पढ़ी गई’। देखें कि समय का संकेत बदलता है, pānuitia नहीं।

संबंधित विषय

  • पहले समझें: माओरी में कर्मवाच्य — प्रभावित व्यक्ति या वस्तु को केंद्र में रखने, काम करने वाले को e से जोड़ने और कर्तृवाच्य से अंतर समझने का आधार। इस लेख की क्रिया-जोड़ियों को उसी व्यापक बनावट के भीतर इस्तेमाल करें।

पूर्व-आवश्यकता

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